सुनील जैन राना ब्लॉग स्पॉट
जियो और जीने दो एवं देशहित सर्व प्रथम।
शुक्रवार, 15 मई 2026
सोमवार, 11 मई 2026
देश विरोधी ताकतें
🙄😔ममता बनर्जी, कांग्रेस, सोरोस, डीपस्टेट, पाकिस्तान, चीन और बांग्लादेश के बीच जैसे किसी समझौते के अनुसार, 2026 के चुनावों के बाद पश्चिम बंगाल को अलग किया जाना था और ममता बनर्जी को 'ग्रेट बांग्लादेश' की प्रधानमंत्री बनना था।
कलकत्ता के पास दो महत्वपूर्ण अमेरिकी जासूस पकड़े गए। इसलिए मोदी, शाह, डोवाल, आरएसएस, भाजपा, चुनाव आयोग, सर्वोच्च न्यायालय आदि ने पश्चिम बंगाल में दिन-रात काम किया और पश्चिम बंगाल को बचाया।
🙄😔तो, अमेरिका ने कुछ ऐसा किया जो दुनिया में किसी और ने नहीं किया। यानी, ट्रंप ने दुखी मन से मोदीजी को बधाई दी। दरअसल, दुनिया का कोई भी देश किसी राज्य में चुनाव जीतने मात्र से उस देश के प्रधानमंत्री को 'बधाई' नहीं देता।🙄😔
आपने भी देखा होगा 2 दिन पहले बांग्लादेश जमाते इस्लामी के प्रमुख ने कहा कि ममता बनर्जी पश्चिम बंगाल के मुसलमानो को इकट्ठा करके पश्चिम बंगाल को भारत से अलग करने का आंदोलन करें बांग्लादेश के 27 करोड़ मुसलमान ममता बनर्जी को बांग्लादेश को भारत से अलग करने में पूरी मदद करेंगे
रविवार, 10 मई 2026
इंद्रा की नाकामी
1973 में पर्सनल लॉ बोर्ड बना इंदिरा गांधी की सरकार में,,
बाकी आप देख लो,,,,,
✍️ ध्यान से पढ़ें...
नीचे दिए गए वह योद्धा है जो 1971 में युद्ध बंदी के दौरान पाकिस्तान के जेलों में बंद थे वह आज तक नहीं आए
पढ़िए ये नाम..⤵️
विंग कमांडर हरसरण सिंह डंडोस
स्क्वाड्रन लीडर मोहिंदर जैन
स्क्वाड्रन लीडर जे एम मिस्त्री
स्क्वाड्रन लीडर जे डी कुमार
स्क्वाड्रन लीडर देव प्रशाद चटर्जी
फ्लाइट लेफ्टिनेंट सुधीर गोस्वामी
फ्लाइट लेफ्टिनेंट वी वी तांबे
फ्लाइट लेफ्टिंनेंट नागास्वामी शंकर
फ्लाइट लेफ्टिंनेंट राम एम आडवाणी
फ्लाइट लेफ्टिनेंट मनोहर पुरोहित
फ्लाइट लेफ्टिंनेंट तन्मय सिंह डंडोस
फ्लाइट लेफ्टिनेंट बाबुल गुहा
फ्लाइट लेफ्टिनेंट सुरेश चंद्र संदल
फ्लाइट लेफ्टिनेंट हरविंदर सिंह
फ्लाइट लेफ्टिनेंट एल एम सासून
फ्लाइट लेफ्टिनेंट के पी एस नंदा
फ्लाइट लेफ्टिनेंट अशोक धवळे
फ्लाइट लेफ्टिंनेंट श्रीकांत महाजन
फ्लाइट लेफ्टिनेंट गुरदेव सिंह राय
फ्लाइट लेफ्टिनेंट रमेश कदम
फ्लाइट लेफ्टिनेंट प्रदीप वी आप्टे
फ्लाइंग ऑफिसर कृष्ण मलकानी
फ्लाइंग ऑफिसर के पी मुरलीधरन
फ्लाइंग ऑफिसर सुधीर त्यागी
फ्लाइंग ऑफिसर तेजिंदर सेठी
यह भारतीय वायुसेना के वे योद्धा थे, जो 1971 की जंग में पाकिस्तान में युद्ध बंदी बने, और कभी वापस नहीं आए।
कांग्रेस सरकार ने कभी इनकी खोज नहीं की!
इंदिरा गांधी ने पाकिस्तान से समझौते में 93 हज़ार पाकिस्तानी युद्धबंदी छोड़ दिए, पर अपने सैनिक वापस मांगने याद नहीं रहे!
देश के लोगों से इनकी खबर छुपा ली, न समाचारपत्रों ने फोटो छापे!
मरने के लिए, पाकिस्तानी जेलों में छोड़ दिया, और हमारे यह सैनिक गुमनाम मृ#त्यु म#र गए!
यही सच रहा है इन सत्ता लोलुप नेहरू, इंदिरा का!
यह पोस्ट नेहरू-गांधी परिवार के चाटुकारों के लिए पीड़ादायक होगी, लेकिन देश के आम नागरिक की आँखे अवश्य खुल जाएंगी! इस ऐतिहासिक तथ्य की जांच कराए वर्तमान सरकार दूध का दूध पानी का पानी हो जाएगा
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इसी तरह की इतिहास से जुड़ी पोस्ट पढ़ने के लिए हमें फॉलो जरूर करें। धन्यवाद,,,,
मुस्लिम लीग
प्रिय मित्रों
आज जो कांग्रेस ओर गांधी परिवार के सदस्य असुद्दीन ओवैसी को भाजपा की B टीम कहते है कृपया वो अपनी दादी का इतिहास भी बताए.....?
क्या आप जानते हैं कि इंदिरा गांधी भारत की एकमात्र ऐसी प्रधानमंत्री थी जो ओवैसी की पार्टी ए आई एम आई एम यानी ऑल इंडिया मजलिस ए मुत्ताहिदा मुस्लिमीन के दफ्तर में गई थी,
इतना ही नहीं उन्होंने उस वक्त ओवैसी के पिता और सलाहुद्दीन ओवैसी के साथ खाना भी खाया था,
👉🏿 आंध्र प्रदेश में जब फिल्म अभिनेता एन टी रामा राव का उदय हुआ और उन्होंने आंध्र प्रदेश में कांग्रेस को बिल्कुल खत्म कर दिया तब इंदिरा गांधी को लगा कि एन टी रामा राव के विजय रथ को रोकने के लिए उन्हें सलाहुद्दीन ओवैसी की पार्टी के साथ गठबंधन करना चाहिए और फिर इंदिरा गांधी ने आंध्र प्रदेश के विधानसभा और लोकसभा चुनाव में ओवैसी के पिता सलाहुद्दीन ओवैसी के साथ गठबंधन किया,
👉🏿 इंदिरा गांधी उस वक्त प्रधानमंत्री पद पर थी उसके बावजूद उन्होंने एक देश विरोधी पार्टी के मुख्यालय गई वहां पार्टी प्रमुख सलाहुद्दीन ओवैसी के साथ खाना खाया और ओवैसी की पार्टी के साथ गठबंधन किया,
👉🏿 इस गठबंधन से कांग्रेस को तो कोई फायदा नहीं हुआ लेकिन सलाहुद्दीन ओवैसी की पार्टी ए आई एम आई एम को बंपर फायदा हुआ उसे आंध्र प्रदेश विधानसभा में पहली बार 4 सीटें मिली और एक सांसद भी बन गया इस तरह से कांग्रेस ने अपने कुकर्मों और अपने निजी स्वार्थ की वजह से एक मरी हुई पार्टी को जिंदा कर दिया,
शनिवार, 9 मई 2026
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